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April 2, 2019

विख्यात क्रिटिकल केयर विशेषज्ञ डॉ यश जावेरी बने नयति का हिस्सा

  • 02 April, 2019

मथुरा 30 मार्च। देश के कई महानगरों के बड़े अस्पतालों में अपनी विशेषज्ञता के लिए सुप्रसिद्ध डॉ यश जावेरी अब नयति मेडिसिटी, मथुरा और आगरा से जुड़ गए हैं। क्रिटिकल केयर के क्षेत्र में डॉ जावेरी को किसी परिचय की आवश्यकता नहीं हैं, उनके द्वारा किये गये कई शोध एवं खोज अंतरराष्ट्रीय मंचों पर प्रकाशित हो चुके हैं, जिनका लाभ आज देश दुनिया के चिकित्सकों द्वारा उठाया जा रहा है। नयति मेडिसिटी में डॉ यश जावेरी विभाग प्रमुख, सर्जिकल क्रिटिकल केयर, के रूप में अपनी सेवाएं प्रदान करेंगे।

डॉ जावेरी को इस क्षेत्र में 15 वर्ष से अधिक का अनुभव है। 2015 से 2017 तक एपेक्स हेल्थकेयर के डायरेक्टर तथा प्रमुख रह चुके हैं। 2009 से 2015 तक इन्होंने इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिटिकल केयर मेडिसिन- मैक्स सुपर स्पेशियलिटी, साकेत, दिल्ली, में वरिष्ठ सलाहकार के रूप में अपनी सेवाएं दी हैं। इसके अलावा इन्होंने फोर्टिस हॉस्पिटल,वसंत कुंज दिल्ली, में क्लीनिकल एसोसिएट के पद पर स्वास्थ सेवाएं प्रदान कर चुके हैं। क्रिटिकल केयर के क्षेत्र में विशेष शोध कार्य के लिए इन्हें सम्मानित भी किया गया है। अपने करियर में डॉ जावेरी ने कुशल और प्रशिक्षित इंटेंसिविस्ट के साथ क्रिटिकल केयर और आपातकालीन सेवाओं का विकास किया है।

नयति हेल्थकेयर की चेयरपर्सन नीरा राडिया ने कहा कि हमारा हमेशा से प्रयास रहा है कि देश और दुनिया की बेहतरीन चिकित्सा सुविधाएं एवम् चिकित्सक हमारे साथ जुड़ सकें, जिससे हम ब्रजवासियों एवं आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को विश्वस्तरीय एंड टू एंड चिकित्सा सुविधा प्रदान कर सकें। उसी के चलते हमारे क्रिटिकल केयर विभाग को और मजबूत करने के लिए हमने डॉ यश जावेरी से नयति परिवार के साथ जुड़ने का आग्रह किया जो उन्होंने सहर्ष स्वीकार कर लिया।

पिछले 3 साल में हमने देखा है कि मरीज़ हमारे पास गंभीर अतिथि में आते हैं इसलिए बहुत आवश्यक है कि हमारा क्रिटिकल केयर विभाग बेहतरीन तकनीक और एक्सपर्ट इंटेंसिविस्ट्स की टीम 24 7 उपलब्ध हों नयति मेडीसिटी में टोटल 401 बेड में से 122 बेड क्रिटिकल केयर के मरीजों के लिए आरक्षित हैं जिसमें पीडियाट्रिक आइसीयू , सर्जिकल आइसीयू, मेडिकल आइसीयू, तथा कार्डिएक आइसीयू नीओनेटल आईसीयू प्रमुख रूप से हैं । यहां डॉ विपुल मिश्रा वभाग प्रमुख क्रिटिकल केयर और डॉ यश जवेरी (विभाग प्रमुख सर्जिकल क्रिटिकल केयर) जैसे अनुभवी चिकित्सक अपनी 115 इंटेंसिविस्ट्स, ट्रेंड नर्सेस और पैरामेडिकल टीम के साथ 24’7 उपलब्ध हैं ।

डॉ यश जावेरी (विभाग प्रमुख, सर्जिकल क्रिटिकल केयर, नयति मेडिसिटी) ने कहा,“ क्रिटिकल केयर सेवाएं आपातकालीन स्थिति में मरीजों के असामान्य स्वास्थ्य का सामना करने में मदद करती है – विशेष रूप से, जिसमें महत्वपूर्ण अंग का विफल होने का खतरा है। उन्नत चिकित्सीय, जांच और क्लीनिकल विशेषज्ञता का उपयोग करते हुए, क्रिटिकल केयर का उद्देश्य अंग प्रणाली के कामकाज को बनाए रखना है और रोगी की स्थिति में सुधार करना है ताकि उसकी चोट या बीमारी का इलाज तत्काल किया जा सके। नयति मेडिसिटी में आज हर सुविधा मौजूद है जो महानगरों के अस्पतालों में उपलब्ध है। नयति एक ऐसी पहल है जो टीयर 2 टीयर 3 शहरों में विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सेवा दे रहा है और मैं एक ऐसे प्रगतिशील ग्रुप के साथ जुड़कर बहुत प्रसन्न हूं ।

March 29, 2019

नयति हॉस्पिटल बना आगरा का पहला सम्पूर्ण विश्वस्तरीय क्रिटिकल केयर और ट्रॉमा सेंटर

  • 29 March, 2019

आगरा 28 मार्च 2019 नयति हैल्थकेयर द्वारा संचालित नयति हॉस्पिटल आगरा का पहला 24X7 विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सेवाएं देने वाला सम्पूर्ण क्रिटिकल केयर और ट्रॉमा सेंटर बन गया है, जहां विश्वस्तरीय तकनीक एवं सुविधाओं के साथ बेहतरीन डॉक्टरों की टीम मरीजों के इलाज के लिए हर समय उपलब्ध है।

नयति हैल्थकेयर की चेयरपर्सन नीरा राडिया ने कहा कि 2017 में हमने नयति हॉस्पिटल की शुरुआत की थी, लेकिन पिछले डेढ़ साल में हमने देखा कि क्रिटिकल केयर के मरीजों को आगरा में सम्पूर्ण सुविधाएं न मिल पाने के कारण मथुरा और दिल्ली तक जाना पड़ रहा था। यहां की विभिन्न कम्युनिटी से पता चला कि आगरा में पूरी तरह से सुसज्जित क्रिटिकल केयर और ट्रॉमा सेंटर का अभाव है। क्रिटिकल केयर के मरीजों को तत्काल इलाज की जरूरत होती है। इसलिए हमने अपने आगरा के इस हॉस्पिटल को 53 बैड का सम्पूर्ण तथा आधुनिक क्रिटिकल केयर और ट्रॉमा सेंटर बनाया है, जहां 24X7 क्रिटिकल केयर के मरीजों को बेहतरीन सुविधाएं मिल पाएंगीं। एक ही छत के नीचे प्रत्येक क्रिटिकल बीमारी के डॉक्टर, आधुनिक लैब, रेडियोलॉजी होने से मरीज का समय खराब नहीं होगा और उन्हें तुरंत इलाज मिल पाएगा, जिसके बाद उन्हें अपने इलाज के लिए मथुरा अथवा दिल्ली नहीं जाना पड़ेगा। हमने लोगों की जरूरतों को समझते हुए नयति की चिकित्सा सुविधाओं में लगातार बदलाव किए हैं और आवश्यकता पड़ने पर भविष्य में भी जिस चिकित्सा सुविधा अथवा संसाधनों की कमी होगी उसे पूरा किया जाएगा। आपको जानकर खुशी होगी कि देश का जाना पहचाना दिल्ली स्थित व्हिमांस हॉस्पिटल अब नयति हैल्थकेयर द्वारा व्हिमांस नयति के नाम से संचालित किया जा रहा है, आगामी मई में हमारे द्वारा दिल्ली में 200 बैड का अशोक विहार स्थित नयति सुंदर लाल जैन हॉस्पिटल शुरू हो जाएगा, और इसी वर्ष हम गुरुग्राम में भी 600 बैड के नयति हॉस्पिटल की शुरुआत करने जा रहे हैं।

आपका नयति देश का पहला ऐसा हॉस्पिटल है जो टियर 2 और टियर3 शहरों से महानगरों तक गया है, वो भी इसलिये क्योंकि टियर 2 और टियर 3 शहरों के लोग अपनी दूसरी ओपीनियन के लिए महानगरों तक जाते हैं।

नयति हॉस्पिटल के मेडिकल सुपरिटेंडेंट डॉ मुशर्रफ हुसैन ने कहा कि आगरा में स्थित नयति क्रिटिकल केयर और ट्रॉमा सेंटर होने से कई दुर्घटना पीड़ितों को बचाया जा सकता है, क्योंकि किसी भी हादसे के बाद पीड़ित को गोल्डन ऑवर्स में ही समुचित चिकित्सा सुविधा मिल जानी चाहिए। नयति हॉस्पिटल में 24×7 विशेष प्रशिक्षण प्राप्त डॉक्टर, विश्वस्तरीय लैब और रेडियोलॉजी की व्यवस्था होने से मरीज को तुरंत उपचार मिलना शुरू हो जाता है। इसके अलावा क्रिटिकल केयर के मरीजों को देखते हुए यहां बैड भी बढ़ा दिए गए हैं, जिसके बाद मरीजों को किसी तरह की असुविधा नहीं होगी। हर समय एडवांस्ड क्रिटिकल लाइफ सपोर्ट सिस्टम के साथ एम्बुलेंस भी हैं, जिनसे मरीजों को समय पर इलाज मिलना शुरू हो जाता है। नयति हॉस्पिटल स्थित कार्डियक सेंटर, गैस्ट्रोएंटरोलॉजी, यूरोलॉजी, नेफ्रोलॉजी, न्यूरोलॉजी, पल्मोनोलॉजी और क्रिटिकल केयर, ऑर्थोपेडिक विभाग आदि अन्य विभागों की सेवाएं प्राप्त की जा सकती हैं। नयति हॉस्पिटल में 24X7 घर से ही ब्लड सैम्पल ले जाने और फार्मेसी की सुविधा भी शुरू कर दी है।

March 27, 2019

देश के मजबूत भविष्य के लिए बच्चों का वर्तमान स्वस्थ होना चाहिएः नयति हैल्थकेयर

  • 27 March, 2019

मथुरा 27 मार्च | अपने बच्चे का भविष्य संवारने को समाज का हर व्यक्ति अपने बच्चों की बेहतर शिक्षा आदि के लिए हर संभव प्रयास करता है, जिसके लिये वो अपने बच्चों का अपनी हैसियत के हिसाब से अच्छे से अच्छे स्कूल में एडमिशन कराता है। इसके बाद भी कई बच्चे अपनी क्लास में पिछड़ते चले जाते हैं, जिसके लिये लोग अपने बच्चों को ही दोष देने लगते हैं। अभी कुछ वर्ष पहले एक फिल्म आयी थी तारे जमीं पे, जिसमें बच्चे का पिता अपने बच्चे का रिजल्ट अच्छा आने के लिए स्कूल बदलता है, यहां तक कि उसे होस्टल तक में डाल देता है, लेकिन बच्चे पर कोई असर नहीं पड़ता। उस बच्चे की मनोस्थिति एक टीचर समझता है और उस बच्चे को सही दिशा दिखाता है। उसी तरह हमारे समाज में भी कई बच्चे हैं जिनकी मनोस्थिति को यदि समझा जाये तो वे नई ऊंचाइयों तक पहुंच सकते हैं। यह कहना था नयति मेडिसिटी के मनोचिकित्सा विभाग के प्रमुख डॉ सागर लवानिया का जो नयति में आयोजित विभिन्न स्कूलों से आये शिक्षकों के सेमिनार को सम्बोधित कर रहे थे।

उन्होंने कहा कि कई बार हम बच्चों की जिद, उसके व्यवहार, उसकी आदतों को एक सामान्य प्रक्रिया समझते हुए अनदेखा कर देते हैं, लेकिन यदि बच्चे पर ध्यान दिया जाय तो कुछ लक्षणों के आधार पर हम बच्चे की मनोस्थिति को समझ सकते हैं और किसी मनोचिकित्सक को दिखाकर उसकी परेशानियों को दूर कर सकते हैं।

 
यदि बच्चा एक जगह टिककर बैठता नहीं है, आंख मिलाने से बचता है, एक काम को अधूरा छोड़कर दूसरे काम में लग जाता है, मोबाइल से चिपका रहता है, चिड़चिड़ापन है, जिद्दी है, रोज नई फरमाइश करता है, गणित समझने में कमी आदि लक्षण बच्चे में दिखायी देते हैं तो बच्चा मानसिक बीमारी से ग्रस्त हो सकता है, और यह लाइलाज बीमारी नहीं है। किसी भी योग्य मनोचिकित्सक को दिखाने से बच्चा पूरी तरह ठीक हो सकता है।

इस अवसर पर नयति हैल्थकेयर की चेयरपर्सन नीरा राडिया ने कहा कि बच्चे देश का भविष्य होते हैं, देश के स्वस्थ तथा मजबूत भविष्य के लिए बच्चों का वर्तमान भी स्वस्थ होना चाहिए। इसी को ध्यान रखते हुए हमने बच्चों के लिए इस कार्यशाला का आयोजन किया है, मुझे पूरा विश्वास है कि इस कार्यक्रम का लाभ समाज तक अवश्य पहुंचेगा।

February 27, 2019

विश्वस्तरीय चिकित्सा सुविधा को महानगरों से ब्रज तक पहुंचाने वाले नयति मेडिसिटी को हुए 3 वर्ष पूर्ण

  • 27 February, 2019

विश्वस्तरीय चिकित्सा सुविधा को महानगरों से ब्रज तक पहुंचाने वाले नयति मेडिसिटी को हुए 3 वर्ष पूर्ण

  • टियर 3 शहर का पहला एनएबीएच प्रमाणित हॉस्पिटल
  • उप्र का एकमात्र एनएबीएच प्रमाणित ब्लड बैंक
  • टियर 3 शहर में किडनी ट्रांसप्लांट करने वाला पहला हॉस्पिटल
  • किसी भी प्रकार के कैंसर के इलाज के लिए विश्वस्तरीय सुविधा
  • क्षेत्र का पहला डिजिटल आईसीयू
  • 50 से अधिक किये गए शोध जो अंतरराष्ट्रीय मंचों पर प्रकाशित हुए

मथुरा 28 फरवरी। महानगरों से टियर 2 और टियर 3 शहरों तक आधुनिक एवं विश्वस्तरीय चिकित्सा सुविधा पहुंचाने के संकल्प के साथ शुरू किये गये नयति हैल्थकेयर के मथुरा स्थित पहले अस्पताल नयति मेडिसिटी को 3 वर्ष होने पर ब्रजवासियों के लिये एंजियोग्राफी, एंजियोप्लास्टी, बाईपास सर्जरी, घुटना प्रत्यारोपण, इआरसीपी, गॉलब्लेडर सर्जरी, एपेंडिक्स सर्जरी, बैरियाट्रिक सर्जरी, सेप्टोप्लास्टी, साइनस सर्जरी, किडनी स्टोन सर्जरी, प्रोस्टेट सर्जरी आदि पर 28 फरवरी से 31 मई तक विशेष छूट प्रदान की जाएगी।

स्वास्थ्य के क्षेत्र में नयति मेडिसिटी ने कई आयाम स्थापित किये हैं, जहां पिछले 3 वर्षों में 3.5 लाख से अधिक मरीज ओपीडी, 1 लाख 20 हजार से अधिक मरीजों ने भर्ती होकर और इमरजेंसी के माध्यम से भी 70 हजार से अधिक मरीजों ने स्वास्थ्य लाभ प्राप्त किया। नयति मेडिसिटी में अब तक केवल मथुरा-वृन्दावन ही नहीं बल्कि पूर्वी उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा, पंजाब और दिल्ली तक के मरीजों ने आकर स्वास्थ्य लाभ लिया है।

स्वास्थ्य के क्षेत्र में नयति हैल्थकेयर आज किसी परिचय का मोहताज नहीं है। 351 बैड के  नयति मेडिसिटी से विश्वस्तरीय चिकित्सा सुविधाएं प्रदान की शुरुआत करने वाला नयति हैल्थकेयर स्वास्थ्य के क्षेत्र में उत्तर भारत का सबसे तेजी से बढ़ने वाला ग्रुप बन गया है। मथुरा के अलावा आगरा में 54 बैड का नयति हॉस्पिटल और दिल्ली स्थित 75 बैड का व्हिमांस नयति हॉस्पिटल (न्यूरो एवं ऑर्थोपेडिक के क्षेत्र में जाना-पहचाना नाम) लोगों को अपनी आधुनिक एवं विश्वस्तरीय चिकित्सा सुविधाएं प्रदान कर रहा है। जल्द ही दिल्ली में ही 500 बैड का नयति सुंदर लाल जैन हॉस्पिटल और गुरुग्राम में 600 बैड का नयति हॉस्पिटल लोगों को अपनी सेवाएं सुचारू रूप से देने लगेगा।

नयति हैल्थकेयर की चेयरपर्सन नीरा राडिया ने कहा सबसे पहले मैं ब्रजवासियों को हृदय से धन्यवाद देना चाहूंगी, जिन्होंने नयति पर अपना विश्वास जताया। नयति में हमने कितने लोगों का इलाज किया यह मायने नहीं रखता, बल्कि नयति में इलाज कराने के बाद जाने वाले मरीजों के चेहरे पर आने वाली मुस्कुराहट मायने रखती है, इन क्षेत्रों और शहरों तक विश्वस्तरीय चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाने के अपने संकल्प को पूरा करने की इच्छाशक्ति बढ़ जाती है।

हमने अपने यहां आने वाले मरीजों में कभी कोई फर्क नहीं किया है। चिकित्सा के क्षेत्र ने हमें सिखाया है कि सभी का जीवन एक समान है और उसमें किसी प्रकार का कोई अवरोध नहीं होना चाहिए। विश्वस्तरीय चिकित्सा सुविधा पर देश के हर नागरिक का समान हक है, जो उसे मिलना ही चाहिए, नयति हैल्थकेयर उसी दिशा में कार्य कर रहा है। हमारी सबसे बड़ी उपलब्धी यह है कि नयति मेडिसिटी में हर बीमारी के इलाज के लिए विशेषज्ञों की बेहतरीन टीम 24 घण्टे मौजूद है। हमारे यहां देश के जाने-माने 200 से अधिक डॉक्टरों की टीम है, जो किसी भी बीमारी का इलाज करने में सक्षम है। मैं अपने यहाँ के डॉक्टरों, नर्सेज, पैरामेडिक्स और सभी सपोर्ट स्टाफ्स का भी धन्यवाद करना चाहूंगी जिन्होंने मेरे साथ आकर मेरे इस संकल्प को आगे बढ़ाने में सहयोग दिया।

February 26, 2019

नयति मेडिसिटी से जुड़े देश के प्रख्यात ऑर्थोपेडिक सर्जन डॉ. राजीव शर्मा

  • 26 February, 2019

मथुरा | दिल्ली के व्हिमांस नयति के इंस्टीट्यूट ऑफ ऑर्थोपेडिक्स, स्पोर्ट्स मेडिसिन और ऑर्थ्रोप्लास्टी के चेयरमैन डॉ राजीव शर्मा अब नयति मेडिसिटी, मथुरा में भी अपनी सेवाएं देंगे, वे हर मंगलवार 10 से 5 बजे तक मरीजों के लिए अपना समय प्रदान करेंगे।

ज्ञात हो कि डॉ राजीव शर्मा को ऑर्थोपेडिक्स और ज्वाइंट रिप्लेसमेंट के क्षेत्र में 30 साल से अधिक का अनुभव प्राप्त है। उन्होंने दिल्ली के इंद्रप्रस्थ अपोलो में ऑर्थोपेडिक्स एंड ज्वाइंट रिप्लेसमेंट के सीनियर कंसल्टेंट के रूप में 18 साल और दिल्ली के ऑल इंडिया इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस (एम्स) में सीनियर फैकेल्टी के रूप में 7 साल अपनी सेवाएं प्रदान की हैं। डॉ राजीव शर्मा देश के पहले ऐसे हड्डी रोग विशषज्ञ है जिन्होंने 135 kg की महिला की टोटल नी रिप्लेसमेंट जैसी जटिल सर्जरी भी सफलतापूर्वक की है। इसके साथ ही डॉ राजीव के पास उपलब्धियों के रूप में 6000 से अधिक ज्वाइंट रिप्लेसमेंट सर्जरी, 1100 मोबाइल बियरिंग नी-रिप्लेसमेंट व 650 हाई फ्लेक्शन नी-इम्प्लांट्स सफल सर्जरी करना तो शामिल है ही साथ ही उन्होंने वर्ष 2004 में इंद्रप्रस्थ अपोलो हॉस्पीटल में कम्प्यूटर नेविगेशन पद्धति पर 1000 से अधिक नी-ऑर्थोप्लास्टी केस भी किये हैं|

इस अवसर पर नयति हैल्थकेयर की चेयरपर्सन नीरा राडिया ने कहा कि डॉ. शर्मा के नयति मेडिसिटी, मथुरा का हिस्सा बनने पर हम बहुत खुश हैं और नयति में उनकी विशेषज्ञता का लाभ उठाने के लिए तत्पर हैं। इस क्षेत्र में आर्थ्राइटिस के काफी मरीज हैं, मथुरा एवं आसपास के क्षेत्रों में हड्डी रोग से जुड़े तमाम जटिल केस देखने को मिलते हैं जिनमें एक्सीडेंट के मामलों की संख्या भी बहुत अधिक होती है। वैसे तो नयति के हड्डी रोग विभाग में देश के बेहतरीन डॉक्टरों की एक टीम है लेकिन अब यहां के मरीज वरिष्ठ ऑर्थोपेडिक सर्जन डॉ राजीव शर्मा के अनुभव का लाभ भी प्राप्त कर सकेंगे। हमारा हमेशा प्रयास रहा है कि बृजवासियों के लिए हम सर्वोत्तम स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करा सकें जिसके लिए हम सदैव विश्वस्तरीय चिकित्सा सुविधा और सर्वश्रेष्ठ इलाज देने की दिशा में काम करते हैं। हमें पूरा विश्वास है कि डॉ राजीव शर्मा डिपार्टमेंट ऑफ ऑर्थोपेडिक & ज्वाइंट रिप्लेसमेंट को नई ऊंचाइयों तक ले जाएंगे। डॉ राजीव को ऑर्थोपेडिक के क्षेत्र में दर्द रहित ज्वाइंट रिप्लेसमेंट के लिये जाना जाता है, जिसके बाद मरीज 24 घंटे में ही चलने लगता है और मरीज को बहुत तेजी से स्वास्थ्य लाभ प्राप्त होता है।

 

नयति मेडिसिटी, मथुरा से जुड़ने पर अपनी प्रसन्नता जाहिर करते हुए डॉ राजीव कुमार ने कहा कि मैं पिछले कई वर्षों से महानगरों में ही अपनी सेवाएं दे रहा हूं, जहां महानगरों के अलावा अधिकतर टियर 2 और टियर 3 शहरों के मरीज होते थे। भगवान कृष्ण की कृपा से ही मुझे बृज में आकर ब्रजवासियों की सेवा का अवसर प्राप्त हुआ है, जिसकी मुझे खुशी है। डॉ राजीव ने कहा कि नयति की चेयरपर्सन नीरा राडिया जी की सोच (“हर मरीज को उनके अपने ही शहर में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिले”) से काफी प्रभावित हूं, उनके प्रयासों से विश्वस्तरीय चिकित्सा सुविधाओं को टियर 2 टियर 3 शहरों तक पहुंचाया जा सका।

February 22, 2019

नयति मेडिसिटी शुरू करेगा “सुपर सीनियर्स क्लब” वरिष्ठ नागरिकों को दिया जाएगाविशेष स्वास्थ्य कार्ड

  • 22 February, 2019

मथुरा

मरीजों को विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध,जानेमाने अस्पताल नयति मेडिसिटी द्वारा उत्तर प्रदेश के वरिष्ठ नागरिकों को असामान्य स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के उद्देश्य से “सुपर सीनियर्सक्लब” नामक एक विशेष स्वास्थ्य कार्ड प्रदान किया जाएगा, जिसका शुभारंभ रविवार, २५ फरवरी २०१९ को होगा।

भारत में 60 वर्ष की उम्र प्राप्त कर चुके व्यक्ति को वरिष्ठ नागरिक का दर्जा प्राप्त हो जाता है, जिन्हें सरकार द्वारा विभिन्नसरकारी योजनाओं में अनेक प्रकार का लाभ प्रदान किया जाता है। देखा जाय तो उम्र के उस पड़ाव पर आकर लोगों को काफी देखभाल की आवश्यकता होती है।

इसी को ध्यान में रखते हुए नयति हैल्थकेयर द्वारा वरिष्ठ नागरिकों के लिए सुपरसीनियर्स क्लब का शुभारंभ किया जा रहा है, जिसके अंतर्गत वरिष्ठ नागरिकों को नयति हैल्थकेयर द्वारा एक विशेष स्वास्थ्यकार्ड प्रदान किया जाएगा।

स्वास्थ्य कार्ड धारक वरिष्ठ नागरिक नयति हैल्थकेयर द्वारा संचालित देश के किसी भी अस्पताल (नयति मेडिसिटी, मथुरा, नयति हॉस्पिटल, आगरा एवं व्हिमांस नयति सुपर स्पेशिएलिटी हॉस्पिटल, (दिल्ली) में जाकर अपना इलाज करा सकते हैं।

सुपर सीनियर क्लब का शुभारंभ रविवार को किया जाएगा, जो सुबह १० से दोपहर के १२:३० बजे तक चलेगा, इस क्लब का हिस्सा बनने के लिए वरिष्ठ नागरिकों को कार्यक्रम में आकर क्लब के लिए रजिस्ट्रशन कराना होगा। इस कार्यक्रम में क्लब और कार्ड के बारे में विस्तार से बताया जाएगा।

इसके अलावा हृदय रोग, डायबिटीज, हड्डी रोग व आहार विशेषज्ञोंद्वारा बढ़ती उम्र की स्वास्थ्य समस्याओं पर चर्चा भी की जाएगी। माह के प्रत्येक तीसरे रविवार को सभी कार्ड धारकों के लिए एक छोटा सा सम्मेलन आयोजित किया जाएगा, जिसमें वे आपस में और डॉक्टर्स के साथ विचार – विमर्श कर सकेंगे।

सुपर सीनियर्स क्लब कार्ड होने पर ओपीडी परामर्श, आवश्यक जांचों एवं भर्ती होने पर विशेष छूट एवं आवश्यकता पड़ने पर निःशुल्क एम्बुलेंस की सुविधा प्रदान की जाएगी। कार्ड धारकों के लिए ओपीडी परामर्श दोपहर १२ बजे से २ बजे तक रहेगी ताकि बुजुर्गों को प्राथमिकता मिल सके, इसके अलावा नियमित रूप से योगाचार्य एवं डाइटीशियन द्वारा मुफ्तपरामर्श भी कराया जाएगा।

February 20, 2019

नयति मेडिसिटी में हुआ कैंसर रोगियों और उनके परिवार के सदस्यों के लिए “कैंसर सपोर्ट ग्रुप”का आयोजन

  • 20 February, 2019

मथुरा, 20 फरवरी, 2019। कैंसर जागरूकता माह के अवसर पर नयति मेडिसिटी में कैंसर रोगियों, उनकी देखभाल करने वालों और उनके परिवारों को जागरूक करने के लिए “कैंसर सपोर्ट ग्रुपका आयोजन किया गया, जिसमें आये हुए कैंसर रोगियों एवं उनके परिवारीजनों से उनके अनुभव साझा किए गए, एवं उन्हें कार्यक्रम में उपस्थित चिकित्सकों और वक्ताओं ने अपने सम्बोधन द्वारा जागरूक करने का प्रयास किया।

 

नयति हेल्थकेयर के कैंसर सेंटर के चेयरमैन डॉ (प्रो.) शांतनु चौधरी ने कहा, “नयति हेल्थकेयर हमेशा मानवीय तरीके से स्वास्थ्य सेवायें प्रदान करने में विश्वास रखता है, जिसके चलते हमने कैंसर रोगियों और उनके परिवारों के लिए कैंसर सपोर्ट ग्रुप को तैयार किया, जिसके माध्यम से कैंसर के मरीजों और उनके परिवारों को चिकित्सा के दौरान सहायता के साथ प्रोत्साहन और समर्थन भी प्राप्त हो सके। हम जानते हैं कि कैंसर एक ऐसी बीमारी है जो ना सिर्फ एक व्यक्ति बल्कि उसके पूरे परिवार पर असर डालती है। इसी को ध्यान में रखते हुए हमने नयति मेडिसिटी में इस अनोखे कार्यक्रम का आयोजन किया है जिसमें कैंसर केयर से जुड़ी प्राथमिक जानकारियां प्राप्त करने के अलावा मरीज को अपने अनुभव अन्य कैंसर पीड़ितों के साथ साझा करने का अवसर मिलता है। यह एक सपोर्ट सिस्टम जैसा है जो मरीज में बीमारी से लड़ने की इच्छाशक्ति और बीमारी से ठीक होकर सामान्य जिंदगी जीने का जज्बा पैदा करता है। कैंसर के बढ़ते हुए मामलों को रोकने के लिए मथुरा में मरीजों को एक ही छत के नीचे सभी सेवाएं प्रदान करने वाली एक परिपूर्ण कैंसर सेंटर  स्थापित की जहां प्रिवेंटिव केयर से लेकर कैंसर के एडवांस डायग्नोस्टिक की व्यवस्था है जहां सर्वश्रेष्ठ तकनीकी से उपयुक्त समय में सही रेडिएशन होता है जिससे कैंसर के मामलों का उचित प्रबन्ध हो सके।

 

कार्यक्रम को प्रमुख रूप से डॉ रविकांत अरोड़ा, डॉ रूपाश्री दासगुप्ता, डॉ अपूर्व नारायण, आस्था शर्मा एवं योगगुरु आशुतोष ने संबोधित किया। इस कार्यक्रम में खाजानी वेलफेयर सोसायटी की छात्राओं ने रैम्प वॉक किया।

नयति कैंसर सेंटर एंड-टु-एंड मेडिकल सर्जिकल और रेडिएशन टेक्नोलॉजी जैसी संपूर्ण इंटीग्रेटेड देखभाल उपलब्ध कराता है। न्यूनतम एक्सेस और विभिन्न प्रकार के कैंसरों के लिए ओपन सर्जिकल इंटरवेंशन हाई एंड रेडिएशन थेरेपी क्रिटिकल केयर बोन मैरो ट्रांसप्लांटेशन पैलिएटिव केयर आइसोलेशन रूम्स, प्लास्टिक एवं रिकन्सट्रक्टिव सर्जरी, पेन क्लिनिक, पैट-सीटी स्कैन और काउंसलिंग सेवाएं भी उपलब्ध हैं। नयति में क्षेत्र का पहला  पैट-सी टी स्कैन है जिसके द्वारा शरीर के किसी भी हिस्से के कैंसर की सटीक जानकारी मिल जाती है। अभी तक यह मशीन दिल्ली, मुंबई जैसे महानगरों में ही उपलब्ध थी।

January 24, 2019

नयति आरोग्य मंदिर द्वारा कुंभ में आये श्रद्धालुओं की हो रही नि:शुल्क ओरल कैंसर स्क्रीनिंग

  • 24 January, 2019

प्रयागराज। तंबाकू मुक्त उत्तर प्रदेश के सपने को साकार करने के लिये नयति हैल्थकेयर, टाटा मेमोरियल हॉस्पिटल, बायोकॉन राज्य सरकार के साथ कुंभ को तंबाकू मुक्त क्षेत्र बनाने की मुहिम में बेहतर तरीके से अपनी भूमिका निभा रहा है। आरोग्य मंदिर में, मुंह के कैंसर की आसानी से जांच के लिए बेहतरीन एवं विश्वस्तरीय उपकरण एवं तकनीक का उपयोग किया जा रहा है। मुंह के कैंसर की स्क्रीनिंग के अलावा विशेषज्ञ डॉक्टर तंबाकू से होने वाले गंभीर परिणामों के बारे में भी श्रद्धालुओं को जानकारी प्रदान कर रहे हैं। किसी भी प्रकार का कैंसर रोगी पाए जाने पर मरीज को तत्काल कमला नेहरू मेमोरियल अस्पताल (प्रयागराज में सर्वश्रेष्ठ क्षेत्रीय कैंसर केंद्र)  भेजा जा रहा है, और गंभीर स्थिति में पहुंच चुके कैंसर के मरीजों को नयति मेडिसिटीए मथुरा स्थित कैंसर सेंटर तक पहुंचाया जा रहा है।

कैंसर मुक्त राज्य बनाने में राज्य सरकार के प्रयासों की सराहना एवं समर्थन करते हुए नयति हैल्थकेयर की चेयरपर्सन नीरा राडिया ने कहा कि एक आंकड़े के अनुसार पिछले कुछ वर्षों में भारत में तम्बाकू की खपत काफी कम हुई हैए इसके बावजूद उत्तर प्रदेश में मुंह के कैंसर के मरीज बढ़ रहे हैं। हम कुंभ में ओरल कैंसर स्क्रीनिंग सेंटर की स्थापना करके तंबाकू मुक्त उत्तर प्रदेश बनाने की दिशा में राज्य सरकार द्वारा चलाये जा रहे किसी भी कार्यक्रम का समर्थन करते हैं और यह सुनिश्चित करते हैं कि भविष्य में भी हम अपना सहयोग प्रदान करते रहेंगे। हम कुंभ में आये हुए सभी अखाड़ों के साधु संतों से भी आग्रह करेंगे कि तंबाकू से होने वाले दुष्परिणामों के बारे में अपने यहां आने वाले श्रद्धालुओं को बतायें, जिससे कि प्रदेश और देश तम्बाकू मुक्त होने की दिशा में बढ़ सके।

नयति मेडिसिटी स्थित कैंसर सेंटर के चेयरमैन प्रो. डॉ. शांतनु चौधरी ने कहा कि मथुरा के नयति मेडिसिटी स्थित कैंसर सेंटर टाटा ट्रस्ट के अंतर्गत चलने वाले नेशनल कैंसर ग्रिड का ही भाग है, जहां कैंसर के मरीजों के लिए हर प्रकार का अत्याधुनिक इलाज एक ही छत के नीचे उपलब्ध है। उत्तर प्रदेश के अधिकांश कैंसर के मरीज नयति कैंसर सेंटर में आकर अपना इलाज करा रहे हैं। कैंसर लाइलाज बीमारी नहीं हैए यदि सही समय पर मरीज को सही इलाज मिल जाय तो कैंसर पूरी तरह ठीक हो सकता है।

आरोग्य मंदिर का प्रमुख रूप से संचालन करने वाले नयति चैरिटेबल ट्रस्ट के एक्सक्यूटिव डायरेक्टर राजेश आत्रे ने कहा कि आरोग्य मंदिर में प्रतिदिन लगभग 400 से 500 मरीज किसी न किसी बीमारी की वजह से आ रहे हैं। सामान्य बीमारी होने पर हम उन्हें डॉक्टरों की सलाह पर दवा दे देते हैं यदि किसी मरीज की हालत भर्ती करने लायक होती है उसका भर्ती करके इलाज किया जाता है।

आरोग्य मंदिर में आने वाले मरीजों में अधिकतर बुखारए सिरदर्द, उल्टी-दस्त, शारीरिक कमजोरी, डाइबिटीज, सांस से संबंधित आदि बीमारियों के मरीज हैं।

January 14, 2019

कार्ष्णि गुरु शरणानंद जी महाराज द्वारा हुआ नयति के निशुल्क आरोग्य मंदिर (मेडिकल यूनिट) का शुभारंभ

  • 14 January, 2019

सरकार द्वारा चलाये जा रहे कैंसर स्क्रीनिंग कार्यक्रम का हिस्सा बना नयति

प्रयागराज । श्री गुरु कार्ष्णि कुंभ मेला शिविर का भव्य उद्धाटन हिज होलिनेस स्वामी कार्ष्णि गुरु शरणानंद जी महाराज द्वारा किया गया। इस मेला शिविर में पहली बार नयति हैल्थकेयर द्वारा 40 बैड का आरोग्य मंदिर  (मेडिकल यूनिट), की शुरुआत की गई है, जिसमें 20 बैड का जनरल वार्ड, 10 बैड का एचडीयू (क्रिटिकल केयर) और 10 बैड इमरजेंसी के लिए होंगे। आरोग्य मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं को निशुल्क चिकित्सा सुविधा प्रदान की जाएगी।

 

यह एक बहु सुपर स्पेशलिटी यूनिट होगा, जहां सामान्य बीमारियों के अलावा गंभीर बीमारियों जैसे हार्ट अटैक आदि के मरीजों को बेहतरीन एवं विश्वस्तरीय चिकित्सा प्रदान की जाएगी, इसके अलावा विशेष रूप से कैंसर स्क्रीनिंग की सुविधा भी प्रदान की जाएगी। आरोग्य मंदिर में ही फार्मेसी भी होगी, जहां से मरीजों को जरूरत के अनुसार निशुल्क दवा प्रदान की जाएगी। यूनिट में जनरल फिजीशियन, गैस्ट्रो, ऑर्थो, क्रिटिकल केयर, हृदय रोग विशेषज्ञ के अलावा कई अन्य डॉक्टर अपनी टीम के साथ होंगे। इस यूनिट में 24 घंटे इमरजेंसी सेवाएं सुचारू रूप से काम करेंगीं। इस मेडिकल यूनिट ( आरोग्य मंदिर) का संचालन नयति चैरिटेबल ट्रस्ट के एक्सक्यूटिव डायरेक्टर राजेश आत्रे और उनकी टीम द्वारा किया जाएग |

आरोग्य मंदिर की शुरुआत करते हुए हिज होलीनेस स्वामी कार्ष्णि गुरु शरणानंद जी महाराज ने कहा कि कुंभ हमारे देश का सबसे बड़ा धार्मिक आयोजन है, जहां देश विदेश से करोड़ों श्रद्धालू पूरी श्रद्धा के साथ आते हैं। हम यहां सेवाभाव से आते हैं और चाहते हैं कि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की कोई परेशानी न हो। हमने नयति को समय समय पर जरूरतमंदों तक पहुंचकर स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाते देखा है। स्वास्थ्य के क्षेत्र में उनके द्वारा किया गया कार्य सरहानीय है, इसलिए जब हमने उनसे कुंभ में सेवा प्रदान करने को कहा तो वे सहर्ष तैयार हो गए। इस कुंभ में आने वाले श्रद्धालुओं को हम नयति के सहयोग से 40 दिन तक 24X7 चिकित्सा सेवा प्रदान कर पाएंगे।

मुझे पूर्ण विश्वास है कि इस आरोग्य मंदिर का लाभ कुंभ में आने वाले श्रद्धालुओं तक सरलता एवं सुगमता तक पहुंच सकेगा।

नयति हैल्थकेयर की चेयरपर्सन नीरा राडिया ने कहा कि हमारा हमेशा से उद्देश्य रहा है कि हम विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सेवाओं के द्वारा लोगों की सेवा कर सकें, जिसकी शुरुआत हमने 2012 में बद्रीनाथ धाम से की। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अनेक क्षेत्रों तक हम मथुरा, आगरा के अस्पतालों के अलावा अपनी आउटरीच टीम के माध्यम से लगातार लोगों तक बेहतरीन स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने का प्रयास कर रहे हैं, जल्द ही हमारे द्वारा पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सेवाएं सुचारू रूप से दी जाने लगेंगी।

 

मैं भगवान बद्री विशाल और स्वामी जी की अनुकंपा और आशीर्वाद के लिए आभारी हूं जिनके सानिध्य में हमने यूनिट शुरू की है। नयति स्वास्थ्य और मानवता के लिए हमेशा लोगों के बीच कार्य करता रहेगा, ऐसा मेरा विश्वास है। कुंभ में सेवा करना वास्तव में हम सभी के लिए ईश्वर का एक वरदान है।

January 7, 2019

नयति में विदेशी युवती के बेडौल शरीर को प्लास्टिक सर्जरी द्वारा आकर्षक बनाया

  • 07 January, 2019

मथुरा। नयति मेडिसिटी के प्लास्टिक सर्जरी विभाग में 26 वर्षीय युवती के बेडौल शरीर को प्लास्टिक सर्जरी द्वारा आकर्षक शरीर में सफलतापूर्वक बदला गया। इस प्रकार की सर्जरी करने वाला  नयति मेडिसिटी इस क्षेत्र का पहला अस्पताल बन गया है।

अफगानिस्तान निवासी युवती शाजिया (काल्पनिक नाम) मॉडल बनना चाहती थी, किन्तु पेट पर बढ़ी हुई चर्बी के चलते मॉडलिंग के क्षेत्र उन्हें कहीं भी सफलता नहीं मिल पा रही थी, जिसके चलते उन्होंने अपने बेडौल शरीर को प्लास्टिक सर्जरी के माध्यम से ठीक कराने का फैसला किया। इंटरनेट के माध्यम से उन्होंने देश के कई अस्पतालों के साथ नयति में भी संपर्क किया और काफी विचार विमर्श के बाद उन्होंने अपनी सर्जरी नयति मेडिसिटी में कराने का निर्णय लिया और नयति आकर वे यहां के प्लास्टिक सर्जरी विभाग के डॉ प्रदीप कुमार सिंह से मिलीं, जिन्होंने उनकी सर्जरी करके शरीर की बढ़ी हुई चर्बी को हटा दिया।

इस अवसर पर डॉ प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि शाजिया हमारे पास अपने बेडौल शरीर को सुंदर कराने के लिए आई थीं। हमने वैसर मशीन के द्वारा हमने उनके पेट, बैक और हाथों का लाईपोसक्शन किया और वहां से चर्बी को हटाकर कूल्हे के पिछले हिस्से में लगा दिया, इस विधि को ब्राजीलियन बटलिफ्ट के नाम से जाना जाता है। आंखों की सुंदरता के लिए ब्लैफ्रोप्लास्टी सर्जरी का प्रयोग किया।

उन्होंने कहा कि समाज में कई लोग अपने रंग-रूप को लेकर हीन-भावना से ग्रसित रहते है, उनके लिए प्लास्टिक सर्जरी एण्ड कॉस्मेटॉलोजी किसी चमत्कार से कम नहीं है। प्लास्टिक सर्जरी एण्ड कॉस्मेटॉलोजी में आँखों की पलकें, माथा, होंठ, नाक आदि की सर्जरी एवं चेहरे का नवीनीकरण (ठोड़ी, गाल, जबड़े), हेयर ट्रान्सप्लान्ट, ब्रेस्ट सर्जरी शामिल हैं और साथ ही साथ किसी कारणवश चेहरा जलना, शरीर का कोई अंग विकृत, नाक का टेड़ापन, होठों की विकृति आदि जैसी समस्याओं का निवारण प्लास्टिक सर्जरी एण्ड कॉस्मेटॉलोजी द्वारा सम्भव है। पहले प्लास्टिक सर्जरी कराना बहुत महंगा होता था लेकिन अब ऐसा नहीं है। आज के दौर में प्लास्टिक सर्जरी और कॉस्मेटॉलोजी की सेवा का लाभ उठाना आम आदमी की पहुँच में है। नयति अस्पताल में प्लास्टिक सर्जरी एण्ड कॉस्मेटॉलोजी की सभी आधुनिक एवं प्रचलित तकनीक जैसे लिपोसक्शन, एब्डोमिनोप्लास्टी, ब्लेफेरोप्लास्टी, मास्टोपेक्सी, राइनोप्लास्टी, गाइनेकोमेस्टिया आदि शामिल हैं।